रांची नगर निगम शहरवासियों को स्थानीय स्तर पर सुविधाएं उपलब्ध कराने की तैयारी कर रहा है। इसके तहत शहर के पांच अलग-अलग इलाकों में अंचल कार्यालय शुरू किए जाएंगे। इन कार्यालयों का संचालन 2 अक्टूबर से शुरू करने की तैयारी है। नई व्यवस्था से दूर-दराज क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को राहत मिलेगी। सामान्य नगर निगम कार्यों के लिए उन्हें कचहरी स्थित मुख्यालय नहीं जाना पड़ेगा। संबंधित इलाकों में ही कई जरूरी सेवाएं उपलब्ध कराने की व्यवस्था होगी। अंचल कार्यालयों को शुरू करने के लिए तैयारियां अंतिम चरण में हैं। भवनों में रंग-रोगन और आवश्यक सिविल कार्य कराया जा रहा है। कार्यालयों में कर्मचारियों के लिए बैठने की व्यवस्था भी की जा रही है। इसके लिए कुर्सी और टेबल समेत जरूरी सामान उपलब्ध कराया जाएगा। सुरक्षा और निगरानी के लिए सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे। इसके अलावा कार्यालयों में आवश्यक अन्य सुविधाएं भी विकसित की जा रही हैं।
अंचल कार्यालयों के संचालन के बाद नागरिकों को कई सामान्य नगर निगम सेवाएं अपने क्षेत्र में मिल सकेंगी। इससे लोगों को छोटे-छोटे काम के लिए निगम मुख्यालय जाने की जरूरत नहीं होगी। नागरिकों का समय और आने-जाने का खर्च बचाने में भी यह व्यवस्था मददगार हो सकती है। नगर निगम की योजना सेवाओं को ज्यादा से ज्यादा स्थानीय स्तर तक पहुंचाने की है। इसी उद्देश्य से शहर में अंचल कार्यालयों का नेटवर्क विकसित किया जा रहा है। यह व्यवस्था चरणबद्ध तरीके से दूसरे इलाकों में भी लागू करने की योजना है। बड़ा तालाब के सामुदायिक भवन में वार्ड 21 का कार्यालय शुरू होगा। पंडरा के पंचायत कार्यालय में वार्ड 32 के लिए अंचल कार्यालय बनाया गया है। बांधगाड़ी के सामुदायिक भवन में वार्ड 6 का कार्यालय संचालित किया जाएगा। एचईसी धुर्वा के सेक्टर-3 बाजार स्थित सामुदायिक भवन में वार्ड 40 का केंद्र होगा। हेसाग के उरांव चौक स्थित सामुदायिक भवन में वार्ड 52 के लिए कार्यालय शुरू किया जाएगा। इन केंद्रों के जरिए संबंधित वार्डों के नागरिकों को स्थानीय स्तर पर निगम की सेवाएं उपलब्ध कराने का प्रयास किया जाएगा। विशेष और जरूरी कार्यों के लिए ही लोगों को निगम मुख्यालय जाना पड़ेगा। नगर निगम को उम्मीद है कि नई व्यवस्था से नागरिकों और निगम के बीच संपर्क आसान होगा। साथ ही मुख्यालय में सामान्य कार्यों से जुड़ी भीड़ को कम करने में भी मदद मिल सकती है।



