मां छिन्नमस्तिका मंदिर विकास से जुड़ा मामला हाईकोर्ट पहुंचा। मंगलवार को इस पर विस्तृत सुनवाई हुई। अवमानना याचिका पर अदालत ने पक्ष सुना। रामगढ़ उपायुक्त ने विकास कार्यों की जानकारी दी। वेंडरों के पुनर्वास की योजना प्रस्तुत की गई। 254 वेंडरों को अस्थायी स्थान मिलेगा। यह कार्य 15 जुलाई तक पूरा होगा। अदालत ने प्रशासन से आगे की प्रगति पूछी। विकास योजनाओं पर विशेष चर्चा की गई। सुनवाई के बाद अगली तिथि निर्धारित की गई।
प्रशासन ने बताया कि पुनर्निर्माण की डीपीआर तैयार है। इसे जल्द पर्यटन विभाग भेजा जाएगा। परियोजना की लागत 102 करोड़ रुपये आंकी गई है। भैरवी नदी क्षेत्र में सुरक्षा बढ़ाई जाएगी। बैरिकेडिंग के लिए डीपीआर तैयार है। सीसीएल इसे सीएसआर फंड से बनाएगा। अदालत ने सीसीटीवी बढ़ाने का सुझाव दिया। क्यूआर कोड से दान व्यवस्था पर विचार करने को कहा। इससे श्रद्धालुओं को सुविधा मिलेगी। प्रशासन को सभी सुझावों पर कार्रवाई करनी होगी।
अदालत ने विस्तृत स्टेटस रिपोर्ट मांगी है। अगली सुनवाई 6 अगस्त को होगी। पूर्व आदेशों के अनुपालन की जानकारी देनी होगी। मंदिर परिसर के सौंदर्याकरण पर काम जारी रहेगा। स्नान घाटों का निर्माण प्रस्तावित है। वस्त्र बदलने के कक्ष विकसित किए जाएंगे। पेयजल और शौचालय की व्यवस्था होगी। चिकित्सा सुविधाएं भी सुनिश्चित की जाएंगी। अतिक्रमण हटाने का कार्य जारी रहेगा। श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा सर्वोच्च प्राथमिकता रहेगी।



