रामगढ़ के बारलोंग क्षेत्र में लगातार हो रही दुर्घटनाओं ने चिंता बढ़ा दी है। हाल की घटना के बाद स्थानीय लोगों ने आवाज उठाई। राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों ने प्रशासन से मुलाकात की। समाजसेवियों ने भी सड़क सुरक्षा की मांग की। उपायुक्त और पुलिस अधीक्षक से कार्रवाई का आग्रह किया गया। लोगों ने स्पीड ब्रेकर लगाने की मांग रखी। चेतावनी बोर्ड लगाने का सुझाव दिया गया। स्ट्रीट लाइट लगाने की आवश्यकता बताई गई। बैरियर लगाने की भी मांग सामने आई। प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लिया।
उपायुक्त और पुलिस अधीक्षक ने घटनास्थल का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान सड़क की स्थिति देखी गई। दुर्घटना संभावित स्थानों की पहचान की गई। एनएचएआई को आवश्यक निर्देश दिए गए। स्पीड ब्रेकर लगाने का आदेश दिया गया। चेतावनी बोर्ड लगाने के निर्देश भी दिए गए। स्ट्रीट लाइट लगाने को कहा गया। सुरक्षा बैरियर लगाने पर भी जोर दिया गया। अधिकारियों ने जल्द कार्य पूरा करने को कहा। लोगों ने प्रशासन की पहल का स्वागत किया।
गुरुवार रात करीब साढ़े ग्यारह बजे बड़ा हादसा हुआ था। कोयला लदे ट्रक और पिकअप की आमने-सामने टक्कर हुई। इस दुर्घटना में आठ युवकों की मृत्यु हो गई। इससे पहले भी इसी स्थान पर हादसे हो चुके हैं। बस और ऑटो की टक्कर में दो लोगों की जान गई थी। एक बाइक चालक की भी यहां मृत्यु हुई थी। बारलोंग और लारी बुधबाजार के बीच सड़क घुमावदार है। इसी कारण यह क्षेत्र डेंजर जोन माना जाता है। स्थानीय लोग स्थायी सुरक्षा व्यवस्था चाहते हैं। प्रशासन ने आवश्यक कदम उठाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।



