ऐतिहासिक मोरहाबादी मैदान में झारखंड कृषि व्यापार मेला-2026 का शुभारंभ हुआ। मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने उद्घाटन समारोह में भाग लेकर आयोजन की शुरुआत की। यह मेला कृषि क्षेत्र में नई संभावनाओं को बढ़ावा देने के उद्देश्य से आयोजित किया गया है। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में किसान और कृषि उद्यमी उपस्थित रहे। विभिन्न स्टॉलों पर कृषि उत्पादों और तकनीकों का प्रदर्शन किया गया। मुख्यमंत्री ने मेले का भ्रमण कर किसानों से बातचीत की। उन्होंने कहा कि कृषि क्षेत्र राज्य के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। किसानों की समृद्धि से ही ग्रामीण अर्थव्यवस्था मजबूत होगी। सरकार कृषि क्षेत्र को आधुनिक बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। मेले के माध्यम से किसानों को नई जानकारी और अवसर मिल रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि आधुनिक कृषि तकनीकों का उपयोग समय की आवश्यकता है। इससे उत्पादन बढ़ाने और लागत कम करने में मदद मिलेगी। राज्य सरकार किसानों के लिए कई योजनाएं चला रही है। किसानों को बाजार और तकनीक दोनों से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि कृषि व्यापार मेला इस दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। मेले में उन्नत बीज, कृषि यंत्र और नई तकनीकों की जानकारी दी गई। किसानों को विशेषज्ञों से सीधे संवाद का अवसर मिला। कृषि क्षेत्र में निवेश और नवाचार को बढ़ावा देने पर चर्चा हुई। मुख्यमंत्री ने किसानों को आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि कृषि में असीम संभावनाएं मौजूद हैं।
कार्यक्रम में कृषि क्षेत्र के विशेषज्ञों ने कई विषयों पर अपने विचार रखे। किसानों को आधुनिक खेती के लाभ बताए गए। जैविक खेती और प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण पर भी जोर दिया गया। विभिन्न कंपनियों ने कृषि उपकरणों का प्रदर्शन किया। किसानों को व्यापार और विपणन से जुड़ी जानकारियां प्राप्त हुईं। मेले के माध्यम से कृषि क्षेत्र में सहयोग की नई संभावनाएं बनी हैं। यह आयोजन किसानों और उद्योग जगत को एक मंच पर ला रहा है। कृषि विकास के लिए ऐसे आयोजनों की महत्वपूर्ण भूमिका है। राज्य में कृषि क्षेत्र को नई ऊर्जा मिलने की उम्मीद है। झारखंड कृषि व्यापार मेला किसानों के लिए सीख और अवसर का बड़ा केंद्र बनकर उभरा है।



